Breaking News
  • मुख्यमंत्री ने की विद्यालयी शिक्षा विभाग की समीक्षा, शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिये जाने के दिये निर्देश
  • छात्रों को अंग्रेजी एवं कम्प्यूटर शिक्षा प्रदान करने के लिये विद्यालयों में अंग्रेजी एवं कम्प्यूटर के गेस्ट टीचरों की, की जायेगी व्यवस्था
  • प्रदेश में कक्षा 9 से 12 तक के सभी वर्गों के छात्रों को भी अगले वर्ष से निशुल्क उपलब्ध करायी जायेगी पाठ्य पुस्तकें
  • मुख्यमंत्री ने उद्योग विभाग द्वारा आयोजित आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर वाणिज्य उत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया
  • मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने “अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद“ के अध्यक्ष श्री महंत नरेन्द्र गिरी के निधन पर शोक व्यक्त किया

कोरोना काल में स्वस्थ और सुखी रहने का जादुई मंत्र है-योग: स्वामी चिदानन्द

ऋषिकेश, न्यूज़ आई। परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने सभी को अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनायें देते हुये कहा कि आज अद्भुत संयोग है क्योंकि आज का दिन सबसे बड़ा दिन होता है, आज सदी का सबसे बड़ा सूर्यग्रहण है और पिता दिवस भी है। उन्होेंने कहा कि पिता अपने बच्चों का रियल हीरो होता है, पिता अपने बच्चों और परिवार को छांव में रखने के लिये खुद धूप में रहता है, भारत में तो हर दिन ही फादर्स डे है। नन्हें प्यारे बच्चों के लिये तो पापा ही सहारा होते है, बचपन में भी और पूरे जीवन में भी, बच्चा जब पहला कदम उठाता है तब से लेकर जिन्दगी के हर समस्याओं का पिता के पास होता है।
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सूर्य ग्रहण का देश, दुनिया और जीवन पर विशेष प्रभाव पड़ता है। आज का सूर्यग्रहण तो सदी का सबसे बड़ा और विशेष सूर्यग्रहण है। आज का दिन हम सभी को जप, ध्यान और अपने श्रेष्ठ संकल्पों को याद करने का एक अद्भुत अवसर है।
स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि ’’आज सबसे लम्बा और विशाल दिन होता है, ऐसा ही दिल चाहिये। यही तो योग का प्रभाव है जो अवसाद को भी उत्सव बना दे, जो अवसाद को भी अवसर बना दे और जो अवसाद को भी प्रसाद बना दे उसी का नाम ही तो योग है। कोरोना काल में स्वस्थ और सुखी रहने का जादुई मंत्र है-योग। योग से हम स्वस्थ और सुखी रहने के साथ ही व्यस्त रहते हुये, मस्त रह सकते है। आज पूरा विश्व योगमय हो रहा है। योगा फाॅर हेल्थ, योगा एट होेम, योगा फार ऑल। मुझे तो लगता है अब तो घर-घर योग, हर घर योग, हर घट योग, हर घाट पे योग। योग सदाबहार है, योग रामबाण है, योग संजीवनी है। योग से तन स्वस्थ और मन मस्त तथा स्थिर रहता है। इस कोरोना काल में शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिये योग पाॅवर बूस्टर का काम करता है और योग इम्यूनिटी बूस्टर है। योग, बाहर और भीतर दोनों तरह के वायरस से लड़ने की क्षमता रखता है। योग, तन की थकान और मन के तनाव को भी दूर करता है इसलिये मैं कहता हूँ योग करें। रोज करें और मौज करें। सारा खेल इम्यूनिटी का है, योग इज इम्यूनिटी बूस्टर, योग इज एन अमेजिंग बूस्टर। योग, ध्यान, प्राणायाम करके तो देखें। कुछ दिन तो करो योग, मिट जाएंगे सारे रोग। योग, भय में नहीं भाव में जीना सिखाता है। कोरोना से डरने की जरूरत नहीं बस सावधानी बरतें और नियमों का पालन करें बस हो गया।