Breaking News
  • सभी सरकारी प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों को गर्ल्स टॉयलेट से 8 मार्च, 2026 तक सैचुरेट किया जाए
  • मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में जिन स्थानों पर सड़कों पर अतिक्रमण की समस्याएं आ रही हैं, उन्हें सख्ती से हटाया जाए।
  • मुख्यमंत्री ने बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिये कि राज्य में कानून व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखा जाए
  • प्रदेश में स्वच्छता, प्लास्टिक मुक्ति एवं शीतकालीन यात्रा प्रबंधन के लिए ठोस व्यवस्था के निर्देश
  • मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने नैनीताल में आयोजित विंटर कार्निवाल में किया प्रतिभाग

उत्तराखंड पुलिस को मिले 215 नए उप निरीक्षक, सीएम धामी ने सौंपे नियुक्ति पत्र

देहरादून, न्यूज़ आई : उत्तराखंड पुलिस विभाग को 215 नए उप निरीक्षक मिले हैं. बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सीएम कैम्प कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में 215 उपनिरीक्षकों को नियुक्ति पत्र सौंपे, जिसमें 104 उप-निरीक्षक, 88 गुल्म नायक (पीएसी) और 23 अग्निशमन द्वितीय अधिकारी शामिल हैं.

वही, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था, जन सुरक्षा, आपदा प्रबंधन प्रणाली को और अधिक सशक्त बनाने में पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका होती है. सीएम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नवनियुक्त उप निरीक्षकों से कहा कि अब तक की उनकी परीक्षा केवल शुरुआत थी, असली परीक्षा अब शुरू हो रही है. उन्हें अब प्रदेश की सुरक्षा, कानून व्यवस्था, आपदा प्रबंधन और अग्निशमन जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, अनुशासन और समर्पण के साथ करना होगा.

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड दो अंतरराष्ट्रीय दो दो आंतरिक सीमाओं से लगा राज्य है. राज्य में शांति एवं सुव्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ नशा, साइबर क्राइम, महिला अपराध, यातायात, आपदा प्रबंधन, चारधाम व कांवड़ यात्रा जैसे अनेक मोर्चों पर पुलिस की प्रभावी भूमिका होती है.

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्मार्ट पुलिस के विजन का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य सरकार पुलिस बल को आधुनिक तकनीक, अत्याधुनिक उपकरणों और उत्कृष्ट प्रशिक्षण से परिपूर्ण करने के लिए कृतसंकल्प है.

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि बीते तीन सालों में पुलिस कर्मियों के आवास के लिए करीब 500 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं और कैशलैस स्वास्थ्य सुविधा की व्यवस्था की गई है. पुलिस कर्मियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा और डेटा एनालिटिक्स जैसी उन्नत तकनीकों में प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है.

महिला सुरक्षा को लेकर उत्तराखंड पुलिस के प्रदर्शन की सराहना करते हुए सीएम ने कहा कि राज्य ने महिला अपराधों के निस्तारण में राष्ट्रीय औसत से दोगुनी सफलता प्राप्त की है. गृह मंत्रालय की रिपोर्ट अनुसार पॉक्सो और महिला अपराधों के मामलों के निस्तारण में देश में पांचवां स्थान प्राप्त किया है. राज्य सरकार ने भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया है. इसके चलते बीते चार सालों में 26 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है. राज्य में सभी परीक्षाएं पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से आयोजित की जा रही हैं.

Leave a Reply