Breaking News
  • BJP अध्यक्ष नितिन नवीन का उत्तराखंड प्रवास: आज टपकेश्वर मंदिर में किए दर्शन, बूथ अध्यक्ष के घर पहुंचे
  • खटीमा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 89 लाख रुपये की विकास योजनाओं का किया लोकार्पण
  • चारधाम दर्शन को आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा है। चारों धामों में दर्शन को श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग रही
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कुशल यात्रा प्रबंधन ने जीता श्रद्धालुओं का विश्वास
  • केदारनाथ में पहुंच चुके हैं 08 लाख 11 हजार से अधिक श्रद्धालु

मंत्री सतपाल महाराज की अध्यक्षता में ग्रामीण निर्माण विभाग की एक समीक्षा बैठक का आयोजन

देहरादून, न्यूज़ आई । प्रदेश के ग्रामीण निर्माण, लोक निर्माण, पर्यटन, सिंचाई, लघु सिंचाई, पंचायती राज, जलागम प्रबन्धन, संस्कृति एवं धर्मस्व मंत्री सतपाल महाराज की अध्यक्षता में ग्रामीण निर्माण विभाग की एक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया।प्रदेश के ग्रामीण निर्माण, लोक निर्माण, पर्यटन, सिंचाई, लघु सिंचाई, पंचायती राज, जलागम प्रबन्धन, संस्कृति एवं धर्मस्व मंत्री सतपाल महाराज की अध्यक्षता में सोमवार को ग्रामीण निर्माण विभाग की एक समीक्षा बैठक तपोवन मार्ग स्थित मुख्यालय में आहूत की गई। बैठक में विभागीय कार्यों एवं प्रगति की समीक्षा की गयी। इस अवसर पर विभागीय अधिकारियों द्वारा विभागीय कार्यों के सम्बन्ध में एवं प्रस्तावित “मुख्यमंत्री ग्राम सम्पर्क योजना” का प्रस्तुतीकरण किया गया।

बैठक के दौरान ग्रामीण निर्माण मंत्री महाराज ने ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा दिये गये प्रस्तुतीकरण की सराहना करते हुए कहा कि “मुख्यमंत्री ग्राम सम्पर्क योजना” को शीघ्र ही सरकार द्वारा स्वीकृत किया जायेगा। उन्होने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि ग्रामीण निर्माण विभाग मितव्ययिता पूर्वक एवं गुणवत्ता पूर्ण निर्माण करवाता है तथा विभाग का स्थापना व्यय मात्र 8.30 प्रतिशत है जो अन्य किसी भी अभियन्त्रण विभाग से कम है। महाराज ने समीक्षा बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिये कि निर्माण कार्यों में पहाड़ी वास्तुकला का समावेश करने एवं सौर ऊर्जा तथा रेनवाटर हास्टिंग सिस्टम का प्राविधान किया जाये। उन्होने विभागीय सुदृढीकरण किये जाने एवं गढ़वाल क्षेत्र हेतु मुख्य अभियन्ता (स्तर-2) का कार्यालय सृजित किये जाने हेतु आवश्यक कार्यवाही करने को भी कहा।

 

बैठक में सचिव, ग्रामीण निर्माण विभाग श्रीमती राधिका झा द्वारा विभागीय कार्यों में समयबद्धता एवं गुणवत्ता पर बल देते हुए ई-निरीक्षण, तृतीय पक्ष गुणवत्ता नियंत्रण, वेवसाइट अपडेशन एवं निर्माण कार्यों की जियो टेगिंग कराये जाने के सम्बन्ध में निर्देशित किया गया तथा विभाग में उत्कृष्ठ कार्य करने वाले अधिकारियों को प्रोत्साहित करने को कहा गया।