Breaking News
  • मुख्य सचिव ने प्रदेश के अस्पतालों को डिजिटाइज करते हुए ई-हॉस्पिटल की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाने के दिए निर्देश
  • मेरे सपनों का उत्तराखंड: निबंध लेखन में विद्यार्थियों में दिखा उत्साह, अब तक 35 हजार ने पोर्टल पर अपलोड किए
  • जिला चिकित्सालय चंपावत में लगभग 50 लाख रुपये की लागत से स्थापित ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट का लोकार्पण
  • रक्षाबंधन पर प्रदेश की बहनों के लिए धामी सरकार का यह निर्णय महिला सम्मान, सुविधा और सशक्तिकरण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल
  • रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश की महिलाओं को बड़ी सौगात दी

उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन, उत्तराखंड में तीन दिन का राजकीय शोक

देहरादून, न्यूज़ आई : उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन हो गया है. भुवन चंद्र खंडूड़ी के निधन पर उत्तराखंड में तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया गया है. इससे जुड़ा आदेश भी जारी कर दिया गया है. जारी आदेश में लिखा गया है कि पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन हो गया है, जिसके कारण उत्तराखंड में तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया जाता है. सभी सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज आधे झुके रहेंगे.

तीन दिन के राजकीय शोक के दौरान कोई भी शासकीय मनोरंजन (Official Entertainment) के कार्यक्रम आयोजित नहीं किए जाएंगे. पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी की अंत्येष्टि 20 मई को पुलिस सम्मान के साथ संपन्न कराई जाएगी. अंत्येष्टि के दिन राज्य सरकार के सभी सरकारी कार्यालय और सभी स्कूल कॉलेज बंद रहेंगे. इससे पहले भुवन चंद्र खंडूड़ी ने निधन पर हर कोई दुख जता रहा है. राष्ट्रपति, पीएम मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने उनके निधन पर शोक जताया है.

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ राजनेता मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (सेवानिवृत्त) के निधन पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि खंडूड़ी  जी ने भारतीय सेना में रहते हुए राष्ट्र सेवा, अनुशासन एवं समर्पण का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया। सार्वजनिक जीवन में भी उन्होंने उत्तराखंड के विकास, सुशासन, पारदर्शिता और ईमानदार कार्यशैली की मजबूत पहचान बनाई। उन्होंने प्रदेशहित में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लेकर विकास को नई दिशा प्रदान की। मुख्यमंत्री ने कहा कि खंडूड़ी जी की सादगी, स्पष्टवादिता एवं कार्यकुशलता सदैव प्रेरणास्रोत रहेगी। उनका निधन उत्तराखंड ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति के लिए भी अपूरणीय क्षति है।