Breaking News
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घोषणा कि प्रदेश की हर ग्राम पंचायत में मुख्यमंत्री खेल क्लब का किया जाएगा गठन
  • सालों बाद अपने शिक्षकों को मंच पर देख भावुक हुए सीएम धामी, पैर छूकर लिया आशीर्वाद
  • राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर देहरादून के पवेलियन ग्राउंड में रन फॉर यूनिटी का किया गया आयोजन
  • PRD जवानों के लिए खुशखबरी, सीएम धामी ने राष्ट्रीय एकता दिवस पर मानदेय वृद्धि का किया एलान
  • राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन से आज लोक भवन में विधानसभा अध्यक्ष श्रीमती ऋतु खंडूड़ी भूषण ने शिष्टाचार भेंट की

उत्तराखंड में नहीं टूटा मुख्यमंत्री की हार का मिथक

देहरादून, न्यूज़ आई । उत्तराखंड के चुनाव मुख्यमंत्री की हार को लेकर भी जाने जाते हैं। अब तक 2002 में भगत सिंह कोश्यारी ही एक मात्र ऐसे सीएम साबित हुए, जो चुनाव में जीत पाए थे। हालांकि तब कोश्यारी की पार्टी चुनाव हार गई थी। इसके बाद 2007 में एनडी तिवारी ने चुनाव नहीं लड़ा इस कारण उन पर यह फार्मूला लागू नहीं हो पाया।
जबकि इसके बाद हर चुनाव मे सिटिंग मुख्यमंत्री की हार होती गई। 2012 में भुवन चंद खंडूडी और 2017 में हरीश रावत का नाम इसमें शामिल हैं, हरीश रावत तो एक साथ दो जगह से चुनाव हार गए थे। अब 2022 आते आते इस लीग में पुष्कर सिंह धामी भी शामिल हो गए हैं। इधर, लालकुआं में ताजा हार के बाद हरीश रावत बतौर पूर्व मुख्यमंत्री चुनाव हारने वाले एक मात्र नेता बन गए हैं।