Breaking News
  • मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मंत्र के साथ तेजी से आगे बढ़ रहा
  • खटीमा में प्रबुद्ध वर्ग बैठक में मुख्यमंत्री ने विकसित उत्तराखंड के निर्माण में सहभागिता का किया आह्वान
  • मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्र निर्माण और समाज सेवा के लिए महान विभूतियों एवं शहीदों का योगदान सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने खटीमा प्रवास के दौरान भव्य “प्रगति पथ यात्रा” में प्रतिभाग किया
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 110 करोड़ की विकास योजनाओं की दी सौगात

भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत के पहुंचते ही किसानों में आया जोश , समर्थन में लगाये जिंदाबाद के नारे

मुजफ्फरनगर। तीन कृषि कानूनों के विरोध में जीआईसी मैदान में किसान महापंचायत में शामिल होने के लिए भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत गाजीपुर बॉर्डर से मुजफ्फरनगर पहुंचे, तो कार्यकर्ताओं में जोश आ गया और उन्होंने भाकियू व राकेश टिकैत के समर्थन में जमकर जिंदाबाद के नारे लगाये।
दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर पर कृषि कानूनों के विरोध में पिछले 9 माह से धरना दे रहे राकेश टिकैत भी पंचायत स्थल पर पहुँचे। भारी भीड़ होने के कारण राकेश टिकैत को मंच तक पहुंचने में काफी मशक्कत करनी पडी और भाकियू कार्यकर्ता उन्हें मंच पर लेकर पहुंचे। खुली गाडी में सवार राकेश टिकैत पर उनके समर्थकों ने पुष्प वर्षा भी की। महापंचायत समाप्त होने के बाद राकेश टिकैत अपने घर नहीं गये, और वापस धरनास्थल गाजीपुर बॉर्डर पर चले गये। उन्होंने संकल्प ले रखा है कि जब तक तीनों कृषि कानून वापस नहीं होंगे, तब तक वह मुजफ्फरनगर की धरती पर पांव नहीं रखेंगे।
राकेश टिकैत के लिए भी आज का दिन यादगार रहेगा क्योंकि आज 9 महीने बाद वे जब अपने गृहनगर में आये है तो उनकी हैसियत भी बदली हुई थी , भाकियू के प्रवक्ता के मुकाबले राकेश एक बड़े कद के किसान नेता के रूप में नगर में आये। किसान आंदोलन ने राकेश टिकैत की देश में हैसियत और लोकप्रियता ही बदलकर रख दी है।